सालासर (राजस्थानलिंक.काॅम) - ग्राम गुडावड़ी के श्याम बाबा मंदिर मे चल रही नौ दिवसीय श्रीराम कथा के पांचवे दिन बुधवार को कथावाचक महंत दिनेशगिरि महाराज ने भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक व 14 वर्षो का वनवास, अयोध्या मे संकट का बादल, राम ़द्धारा पिता की आज्ञा की पालना, राम का तमसा नदी का तट का प्रसंग सुनाया।
महाराज ने राजा दशरथ के जीवन के बारे मे बताते हुए कहा कि अयोध्या मे एक बार सभा कार्य मे लोगो ने राजा दशरथ की खूब प्रंशसा की। लोगो की प्रशंसा सुनकर राजा दशरथ ने दर्पण मगंवाकर अपना चेहरा देखा तो उसमे उनको अपनी ढाढी मे दो सफेद बाल दिखाई दिए तो उन्होने सोचा की अब अयोध्या का राजा राम को बनाया जाये। महाराज ने माता कौशल्या व सरस्वती के बारे मे विस्तार से बताया।
वर्तमान समय मे भगवान श्रीराम की तरह बनने के लिए हर मनुष्य को अपने माता पिता की आज्ञा का पालन करना चाहिए। आज के समय मे भाई भाई एक दूसरे के दुश्मन बन जाते है। इसका एक ही मूल कारण है कि आदर्श परिवार की सुजस्थित व्यवस्था समाप्त होना है। यह श्रीराम कथा सुनकर व्यक्ति को अपने परिवार को सयुंक्त परिवार मे रखना चाहिए।
इस दौरान आयोजन कमेटी के सियाराम स्वामी, बन्नाराम, दुर्गादत शर्मा, कुम्भाराम ढुकिया, बुलेश प्रजापत, सीताराम शर्मा, भंवरलाल स्वामी, रामगोपाल स्वामी, बेगाराम सहित अनेक श्रोता उपस्थित रहे।